







ऋषिकेश। अंतर्राष्ट्रीय योग महोत्सव 2026, परमार्थ निकेतन के चौथे दिवस की दिव्य, अलौकिक और प्रेरणादायी झलकियों ने साधकों के हृदय को आध्यात्मिक ऊर्जा से युक्त कर दिया। पावन गंगा तट पर योग, ध्यान और प्राणायाम के सत्रों में विश्व के 80 से अधिक देशों से आए साधक गहन साधना का अनुभव कर रहे हैं। पूज्य संतों के प्रेरक संदेशों, वैदिक मंत्रों की पवित्र ध्वनि और सामूहिक ध्यान ने वातावरण को शांति, प्रेम और सकारात्मकता से आलोकित कर दिया। चौथे दिन आत्मिक जागरण, आंतरिक संतुलन और वैश्विक एकता के संदेश का भी अद्भुत उत्सव रहा।
