नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति, हरिद्वार की 41वीं बैठक संपन्न, टीएचडीसी नराकास वैजयंती योजना के अंतर्गत प्रथम पुरस्कार से सम्मानित

ऋषिकेश। श्री सिपन कुमार गर्ग, अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड ने नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति हरिद्वार के द्वारा टीएचडीसी को नराकास वैजयंती योजना के अंतर्गत प्रथम पुरस्कार से सम्मानित किए जाने पर हर्ष व्यक्त किया । श्री गर्ग ने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि राजभाषा हिंदी के उत्तरोत्तर विकास हेतु हमें इसी प्रकार कड़ी मेहनत एवं लगन से कार्य करने की आवश्यकता है।
नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति की 41वीं अर्धवार्षिक बैठक 29.01.2026 को भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, रुड़की में आयोजित की गई। बैठक की अध्‍यक्षता टीएचडीसी के मुख्य महाप्रबंधक (मा.सं. एवं प्रशा.), डॉ. अमर नाथ त्रिपाठी ने की । बैठक में समिति के सदस्‍य संस्‍थानों के प्रमुखों/प्रतिनिधियों एवं राजभाषा अधिकारियों ने बड़ी संख्‍या में प्रतिभागिता  की। विदित ही है कि नराकास हरिद्वार देश की सबसे बड़ी नराकासों में से एक है जिसमें सदस्य संस्थानों की संख्या 73 हो गई है। इस समिति में रुड़की, हरिद्वार, ऋषिकेश एवं पर्वतीय क्षेत्र में स्थित केंद्र सरकार के संस्थान एवं कार्यालय सम्मिलित हैं।
कार्यक्रम में सर्वप्रथम समिति के अध्‍यक्ष, डॉ अमर नाथ त्रिपाठी, भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, रुड़की के निदेशक, प्रो. कमल किशोर पंत, भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान के राजभाषा प्रभारी, प्रो. अविनाश पाराशर, राजभाषा विभाग के उप निदेशक, श्री छबिल मेहेर एवं विशिष्‍ट अतिथियों का स्‍वागत किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्‍ज्‍वलित कर किया गया। इस अवसर पर भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान के कुल गीत का गायन किया गया। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान के निदेशक, प्रो. कमल किशोर पंत ने स्वागत संबोधन प्रस्तुत किया ।
बैठक के दौरान पुरस्कार वितरण समारोह में समिति के अध्यक्ष, डॉ त्रिपाठी एवं मंचासीन अतिथिगणों ने अपने कर-कमलों से छमाही के दौरान नराकास के तत्वावधान में आयोजित हुई प्रतियोगिता के विजेताओं को पुरस्कृत किया। इन प्रतियोगिताओं में टीएचडीसी के सहायक प्रबंधक, श्री नीरज शर्मा को प्रथम एवं सहायक प्रबंधक, श्री गोविंद रेलिया को प्रोत्साहन पुरस्कार से पुरस्कृत किया गया।
बैठक में वर्ष 2024-25 के दौरान अपने संस्थानों में राजभाषा का श्रेष्ठ कार्यान्वयन सुनिश्चित करने वाले संस्थानों को भी नराकास राजभाषा वैजयंती योजना के अंतर्गत सम्मानित किया गया। इसमें टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड के कारपोरेट कार्यालय को सार्वजनिक उपक्रमों की श्रेणी में प्रथम पुरस्कार से सम्मानित किया गया ।
बैठक में समिति के सदस्य सचिव, श्री पंकज कुमार शर्मा द्वारा नराकास हरिद्वार द्वारा आयोजित गतिविधियों एवं राजभाषा से संबंधित नवीनतम जानकारियों से अवगत कराया गया । उन्होंने राजभाषा हिंदी की प्रगति की अर्धवार्षिक रिपोर्टो की समीक्षा की। इसके उपरांत चर्चा सत्र का आयोजन किया गया, जिसमें उपस्‍थित सदस्‍य संस्‍थानों के प्रमुख एवं प्रतिनिधियों ने अपने बहुमूल्‍य सुझाव दिए।
भारत सरकार, गृह मंत्रालय, राजभाषा विभाग के उप निदेशक (कार्यान्वयन), श्री छबिल कुमार मेहेर ने भारत सरकार की राजभाषा नीति, संविधान में राजभाषा के संबंध में किए गए प्रावधानों, राजभाषा अधिनियम, 1963 एवं राजभाषा नियम, 1976 में दिए गए प्रावधानों के बारे में जानकारी दी।
समिति के अध्‍यक्ष, डॉ. त्रिपाठी ने अपने संबोधन में प्रतियोगिताओं के विजेताओं एवं नराकास वैजयंती योजना के अंतर्गत पुरस्कृत किए गए संस्थानों को बधाई दी। उन्होंने गत वर्ष 15 सितंबर, 2025 को नराकास हरिद्वार को गृह मंत्रालय, भारत सरकार के द्वारा प्रशंसनीय श्रेणी में पुरस्कृत किए जाने पर सभी संस्थानों को बधाई एवं शुभकामनाएं संप्रेषित की। उन्होंने कहा कि नराकास हरिद्वार के सभी कार्यक्रम एवं गतिविधियां समय पर संचालित हो रही हैं, आवश्यकता है कि सभी सदस्‍य संस्‍थानों के प्रमुख समिति की बैठकों में नियमित रूप से भाग लें ताकि यह नराकास भविष्य में उत्कृष्ट श्रेणी में पुरस्कृत हो सके।
कार्यक्रम के अंत में भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान के प्रो. अविनाश पाराशर ने धन्यवाद ज्ञापन देते हुए सभी सदस्य संस्थानों के प्रमुख एवं प्रतिनिधियों, राजभाषा अधिकारियों, हिंदी समन्वयकर्ता अधिकारियों का बैठक में भाग लेने के लिए धन्यवाद संप्रेषित किया।

More From Author

रोड सेफ्टी माह के अंतर्गत परिवहन विभाग एवं आबकारी विभाग की संयुक्त जन-जागरूकता पहल

एचआईएमएस को प्राथमिकता से फॉलों करें अस्पतालः रीना जोशी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recent Comments

No comments to show.